SexKahani.Desi

– Antarvasna Hindi Sex Stories - Kamukta Non Veg Story - Hindi Sex Kahaniya & Sex Pictures - Indian Sex Stories

Advertisements

नए मोबाइल के लालच में भाभी की चूत चाटना पड़ा

हाई सब दोस्तों को! मैं पंकज हु पंजाब से और ये मेरी पहली कहानी हे इस साईट के ऊपर. मैं २२ साल का हु और मेरी स्टोरी में कोई गलती हो तो प्लीज़ मुझे माफ़ कर देना. चलो अब मैं सीधे ही अपनी हिंदी सेक्स कहानी पर आता हु.

यह हिंदी सेक्स स्टोरी आप SexKahani.Desi पर पढ़ रहे हैं!

मेरे भैया दुबई में रहते थे और वी पर सेटल थे. मेरी भाभी जिसका नाम आरती था वो हमारे घर से थोड़ी दूर रहती थी. तब मैं १८ साल का था. मेरी भाभी काफी सुन्दर थी, रंग गोरा और फिगर ३६ ३२ ३० था. उनको सेक्स की बहुत भूख थी और होगी भी पति तो उनसे दूर थे.

मेरे घरवाले मुझे रात को भाभी के घर सोने के लिए भेजते थे और मैं वहां ज्यादा खुश रहता था क्यूंकि वहा कोई नहीं होता था मेरी पढाई में डिस्टर्ब करनेवाला. मैं अपनी किताबें लेकर वहाँ शाम को ही चला जाता. हम रात को अलग सोते थे ऐसे ही कई महीने गुजर गए. तब मोबाईल नए नए आये थे और मुझे नोकिया का ६६०० लेने का बड़ा मन हुआ था.

मैंने भाभी को कहा की मैंने मोबाइल लेना हे तो उन्होंने मुझे मोबाईल लेकर दिया, मैं बहुत खुश था. मैंने इस मोबाईल में बहुत सब ब्ल्यू फिल्म्स डाल रखी थी औररात को देख कर मुठ मरता था. और मोबाइल होने के कारण काफी लडकिय भी मुझे भाव दे रही थी. और फिर हमारी कोलेज में एक लड़का सोनी का P५१० लेकर आया.

मैंने भी वो फोन लाने की ठान ली पर मेरे पास पैसे नहीं थे. मैंने सोचा की भाभी से कहूँगा फिर से. अगली रात भाभी ने मुझ से कहा तुम मेरे साथ सोया करो मेरा भी दिल लगा रहेगा. फिर हम साथ में सोने लगे. मैं रात को पढ़ाई करता था और फिर एक बेड पर ही बातें करते हुए सो जाते थे हम,

कुछ समय ऐसे ही बित गया. एक रात मैं भाभी के साथ सोया हुआ था तो रात को भाभी ने मेरे निकर से मेरे लंड को निकाल कर चूसने लगी. मेरी आँख खुली तो मैंने देखा की आरती भाभी ब्लोव्जोब दे रही थी मुझे. मुझे पहले तो बहुत मस्त लगा क्यूंकि इसके पहले किसी ने भी मेरा लंड अपने मुहं में नहीं लिया था. मैंने ब्ल्यू फिल्म्स में ये सब देखा था पर मेरे साथ ऐसा होगा उसकी भनक नहीं थी मुझे.

मैंने इस ख़ुशी कोा अन्दर ही दबा ली और डर के मारे आँख नहीं खोली. भाभी ने लंड के निकले हुए माल को चाट लिया. और उसने लंड को साफ़ कर के वापस मेरी पेंट में डाल दिया. २-३ दिन तक ऐसे ही चलता रहा. तब मुझे सेक्स के बारे में इतना पता नहीं था सिर्फ फिल्म्स ही देखि थी मोबाइल पर. फिर मैंने उनके घर जाना बांध कर दिया और करना ही था एक तो डर था, दूसरा वो मेरी भाभी थी और तीसरा की मुझे अपनी इज्जत भी बचानी थी.

फिर एक दिन आरती हमारे घर आई और मेरी मम्मी से बोली की आप पंकज को नहीं भेजते सोने के लिए? तो मम्मी ने कहा हम तो उसे नहीं रोकते हे उसे आप खुद ही पूछ लो. तब आरती भाभी ने मुझ से कहा तुम आते क्यूँ नहीं हो आजकल, और फिर उसने धीरे से कहा अगर नहीं आये तो मोबाइल के बारे में बता दूंगी.

मैंने दुसरे ही दिन से भाभी के वहाँ जाना चालू कर दिया. और फिर रात को आरती भाभी का वही प्रोग्राम चालु हो गया.

कुछ दिन तक तो मैं देखता रहा. एक रात जब वो मेरा लंड चूस रही थी तो मैं उठ गया. मैंने कहा ये सब ठीक नहीं हे भाभी. तो आरती भाभी ने कहा एक तो तुम्हारे भैया यहाँ नहीं हे और उपर से मेरे बदन की भूख! मेरे से रहा नहीं जाता हे.

फिर मैंने कहा मैंने दूसरा मोबाइल लेना हे ये बेचकर. और मैंने आरती भाभी से पैसे मांग लिए. तब आरती ने कहा पर जैसा मैं कहूँ वो तुम्हे करना होगा. मैंने हाँ कर दिया. फिर क्या था आरती ने अपने कपडे उतार दिए और मेरे भी कपडे खोल के मुझे नंगा कर दिया. भाभी के बूब्स बहुत बड़े थे और आरती भाभी फिर से मेरे लंड को चूसने लगी.

मैं उनके बूब्स को हाथ से मसलने लगा. उन्होंने मेरा सारा लंड अपने मुहं में डाल लिया. और फिर आरती भाभी ने अपनी चूत मुझे चाटने के लिए कहा. मैंने चाची की टाँगे खोल दी और उनकी चूत को चाटने लगा. १२-१३ मिनट के बाद आरती ने अपना सारा पानी मेरे मुह में छोड़ दिया. भाभी की चूत का पानी नमकीन था और मैं सब चाट गया. फिर आरती भाभी ने कहा अब देर मत करो और मेरी चूत की प्यास को बुझा दो. मैंने आरती भाभी की टांगो को अपने कंधे के ऊपर रख दिया. और अपने लंड को भाभी की चूत के ऊपर रख दिया और आरती भाभी ने मेरे लंड को अपने हाथ से पकड़ के थोडा अन्दर किया. मैंने उसी वक्त धक्का लगाया और भाभी सिसकियाँ लेने लगी. मेरा लंड उसकी चूत में था.

भाभी ने मुझे धक्के लगाने को कहा. मैं हिलने लगा और भाभी की टाईट चूत को चोदने लगा. भाभी की चूत बहुत दिनों से चुदी नहीं थी शायद इसलिए मेरा लंड रगडता हुआ अन्दर बहार हो रहा था. सच कहूँ मैं तो उस वक्त जन्नत में था. फिर आरती भाभी ने पोस बदल लिया और वो कुतिया बन गई. फिर मैं उनके पीछे जाकर चोदने लगा. वो सिसकियाँ भरते हुए आह हाह्ह्ह्ह आहकर रही थी.

आरती भाभी मचलती रही और अपने कुल्हे हिलाती रही. भाभी की सेक्सी गांड हिलती गई और मैं उसे बड़े जोर जोर से चोदता गया.

अब आरती भाभी की स्पीड और भी बढ़ गई थी. वो मुझे भी जोर से लंड अन्दर हिलाने को कह रही थी. मैंने हाथ आगे कर के बोबे पकड लिए भाभी के और उसे कस के चोदने लगा. मोबाइल के लिए मैं चुदाई को पुरे दिल से करने लगा था. लेकिन अब मुझे भी सेक्स का अनोखा आनंद मिल रहा था.

२ मिनिट की मस्त चुदाई के बाद आरती भाभी झड़ गई. वो गांड को कस के दबा रही थी मेरे लंड पर. मैंने कहा मेरा भी होने को हे. तो उसने कहा अन्दर ही निकालो मैं गोली खा लुंगी डार्लिंग!

दोस्तों मैंने अपने लंड का पानी भाभी की चूत में ही छोड़ दिया. फिर जब मैंने लंड निकाला तो वो पूरा लाल हो गया था. भाभी ने उसे चूस के साफ़ किया. फिर हम न्यूड ही एक दुसरे को गले लगा के सो गए.

यह हिंदी सेक्स स्टोरी आप SexKahani.Desi पर पढ़ रहे हैं!

दोस्तों भाभी ने मुझे मोबाइल ला दिया. और फिर वो रोज मुझे पोर्न दिखा के चुद्वाती थी मेरे लोडे से. आरती भाभी की गांड भी मैंने बहुत मारी हे.

2 votes

Advertisements

Disclaimer: This site has a zero-tolerance policy against illegal pornography. All porn images are provided by 3rd parties. We take no responsibility for the content on any website which we link to, please use your won discretion while surfing the links. All content on this site is for entertainment purposes only and content, trademarks and logo are property fo their respective owner(s).

Statutory Warning: This site is just for fun fictional stories on the site | All the stories sent by readers, is published on the site | Readers can view the personal stories | None of these stories to the editor or managing the class association | To use this website, you must be over 18 years of age, and you should have full adult Cetradikar legally or according to where you are using this website if you do not meet these requirements, If you do not have permission to use this website | Any item that is presented on this website, we do not claim to be their own |

Terms of service | Privacy PolicyContent removal (Report Illegal Content) | Disclaimer